Fake News, Hate & Reality of Society | आँख खोल देने वाला सच
काले गोरे का भेद नहीं हर दिल से हमारा नाता है ,कुछ और ना आता हो हमको हमें प्यार निभाना आता है। इस लाइन पर अब हमें विचार करने की जरुरत है क्या वाकई हमारा हर दिल से नाता है, क्या वाकई हमे प्यार निभाना आता है। कहीं किसी बिहारी को इसलिए गोली मार दिया जाता है की वो बिहारी है ,कही हिन्दू मुस्लिम के बीच फेक खबर चलाकर नफरत फ़ैलाने की कोशिश तो कहीं महंगाई और जरुरी मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए मीडिया में दुनिया भर के नाटक। ना जाने कितने बहाने से और कितने रूपों में सिर्फ नफरत फैलाने की कोशिश हो रही है। अब तो लगता है इसकी जगह ये कहना उचित होगा की हम हर तरह से बंटे हुए हैं हर दिल में हमारा आतंक है ,कुछ और ना आता हो हमको हमें नफरत फैलाना आता है। अगर ऐसा नहीं होने देना है तो सिर्फ मेरे देश के ही नहीं दुनियां सभी भाइयों और बहनों किसी भी तरह के नफरत से बचिए चाहे धर्म के नाम पर हो या भाषा के नाम पर हो या किसी के भी नाम से हो। दुनियां को रहने लायक बनाइये घुट घुट कर सहने लायक नहीं।